दो पंक्तियाँ - २ (Two Lines -2)
Don't judge it and say
it's beautiful.
Don't judge it and say
it's ugly.
It's just a fantastic
creation,
whatever its purpose may
be.
--------------------xxx-------------------------
उम्र किसी कागज़ की तो हो सकती है,
मगर उस पर लिखे शब्दों की कोई उम्र नहीं होती।
--------------------xxx-------------------------
मुझे ग़म नहीं कि वो मुझ पर हँसते हैं,
मुझे तो गम है कि वो बस हँसना ही जानते हैं।
--------------------xxx-------------------------
अरे ज़हर पीने वालों ने कहाँ मौत देखी है,
ये तो पानी पीने वाले ही बस डराया करते हैं।
--------------------xxx-------------------------
यूँ ही दिल छूकर गुज़र जाऊँगा मैं,
मुझे थामने की गलती मत करना।
आज कुछ हूँ कल कुछ और बन जाऊँगा मैं,
मुझसे रूठने की गलती मत करना।
ये दूरियाँ नज़दीकियाँ तो हर रोज़ बदलती हैं,
मुझे भुलाने की गलती मत करना।
मैं तो बस प्रेम और खुशियाँ बाँटने की कोशिश करता हूँ,
मगर मुझसे कोई ख्वाहिश करने की गलती मत करना।
--------------------xxx-------------------------
जो ढूँढ़ना पड़े वो प्यार कहाँ!
जो मांगना पड़े वो साथ कहाँ!
जो सँवारना पड़े वो नूर कहाँ!
जो संभालना पड़े वो दिल कहाँ!
जो अभी यहाँ है वो ही तो सार है,
वरना इस ज़िंदगानी का कोई भरोसा कहाँ!
--------------------xxx-------------------------
#BeTheVoice for #SaveSoil
x-x-x-x-x-x
संपादन में सहयोग करने के लिए मेरी मित्र शोमिता यादव और अंशुल गुप्ता को बहुत-बहुत धन्यवाद।
Editing credits – Shomita Yadav and Anshul Yadav
Good
ReplyDeleteDhanyawad
DeleteSangeet
DeleteBahut hi sunder 👌👌
ReplyDeleteDhanyawad
DeleteBeautifully written very nice
ReplyDeleteDhanyawad
DeleteVery nice👍
ReplyDeleteDhanyawad
Delete